इंदिरा गांधी से मुलाक़ात :
बचपन रायबरेली में बीता सो जैसा वहां हर घर में इंदिरा गांधी की यादे, किस्से कहानियां हैं मेरे भी कई रोचक किस्से हैं.
तारीख़ थी 19 नवंबर, साल शायद 1981 या 82. स्कूल में थे और दिल्ली एक शादी में आये थे. हम बच्चों का दिल्ली दर्शन का प्लान बना.
#IndiraGandhi
बचपन रायबरेली में बीता सो जैसा वहां हर घर में इंदिरा गांधी की यादे, किस्से कहानियां हैं मेरे भी कई रोचक किस्से हैं.
तारीख़ थी 19 नवंबर, साल शायद 1981 या 82. स्कूल में थे और दिल्ली एक शादी में आये थे. हम बच्चों का दिल्ली दर्शन का प्लान बना.
#IndiraGandhi
आपस में पैसे जमा किये और कनॉट प्लेस से दिल्ली दर्शन की टैक्सी बुक कर ली. हमारे ड्राइवर साहब उम्र दराज़ थी और गाइड भी. बड़े प्यार से वो हमे संसद भवन, आकाशवाणी, साउथ - नॉर्थ ब्लॉक दिखा और बता रहे थे. फिर उन्होने कहा आप लोगों को इंदिरा गांधी का घर दिखाते हैं.
#IndiraGandhi
#IndiraGandhi
हम सबको 19 नवंबर याद था तो ड्राइवर साहब से पूछा कि मिल भी सकते हैं. उन्होने कहा आज उनका जन्मदिन है कोशिश करते हैं. रास्ते से हमने गुलदस्ता भी खरीद लिया और कुछ ही मिनट में हम 1 सफदरजंग के सामने थे. तब प्रधानमंत्री निवास के सामने की सड़क ट्रैफिक के लिये खुली रहती थी.
#IndiraGandhi
#IndiraGandhi
ड्राइवर साहब स्मार्ट थे और सिक्योरिटी से कहानी बना दी कि स्कूल के बच्चे रायबरेली से इंदिरा जी को जन्मदिन की बधाई देने आये हैं. हम सब अंदर बुला लिये गये. कोई चेकिंग वैकिंग नहीं हुई. बहुत लोग आये हुये थी सबके साथ हमे भी लॉन में बिठा दिया गया.
#IndiraGandhi
#IndiraGandhi
हम सबके नाम, स्कूल वैगेहरा नोट किये गये. थोड़ी देर में इंदिरा गांधी एक तरफ से सबसे मिलते हुये दिखीं. हमारे पास पहुंची तो उनके स्टाफ ने ड्राइवर साहब की बताई कहानी दोहरा दी.
मैंने गुलदस्ता दिया और हैप्पी बर्थडे बोला. इंदिरा जी ने मुस्करा कर हम सबके सर पर हाथ फेरा..
#IndiraGandhi
मैंने गुलदस्ता दिया और हैप्पी बर्थडे बोला. इंदिरा जी ने मुस्करा कर हम सबके सर पर हाथ फेरा..
#IndiraGandhi
और फिर क्लास भी ली. रायबरेली से अकेले आये हो?
कोई बड़ा नहीं है साथ में?
घर से पूछ कर आये हो?
मम्मी पापा का नाम बताओ?
किस क्लास में हो?
हम लोगों की हालत खराब हो गई और सच बताना पड़ गया कि शादी में आये हैं. वो हंसी, मेहनत से पढ़ने का आशीर्वाद दिया और आगे बढ़ गईं.
#IndiraGandhi
कोई बड़ा नहीं है साथ में?
घर से पूछ कर आये हो?
मम्मी पापा का नाम बताओ?
किस क्लास में हो?
हम लोगों की हालत खराब हो गई और सच बताना पड़ गया कि शादी में आये हैं. वो हंसी, मेहनत से पढ़ने का आशीर्वाद दिया और आगे बढ़ गईं.
#IndiraGandhi
Read on Twitter